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राम मंदिर चढ़ावा विवाद पर गरमाई सियासत, मुख्यमंत्री के मंदिर दौरे पर भाजपा का तीखा हमला

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दीपकमल में कोर ग्रुप बैठक के बाद बिंदल, जयराम और अनुराग ने साधा निशाना; बोले- आस्था नहीं, राजनीतिक नुकसान की भरपाई के लिए मंदिर पहुंची कांग्रेस


शिमला। राम मंदिर चढ़ावा मामले को लेकर हिमाचल प्रदेश की राजनीति मंगलवार को पूरी तरह गर्मा गई। एक ओर मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू अपने मंत्रिमंडल के साथ शिमला स्थित राम मंदिर पहुंचे, वहीं दूसरी ओर भाजपा ने इसे आस्था नहीं बल्कि राजनीतिक नुकसान की भरपाई का प्रयास करार दिया। भाजपा प्रदेश कार्यालय दीपकमल में आयोजित कोर ग्रुप बैठक के बाद प्रदेश अध्यक्ष डॉ. राजीव बिंदल, नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर और सांसद अनुराग ठाकुर ने कांग्रेस और मुख्यमंत्री पर तीखे राजनीतिक हमले किए।


भाजपा की कोर ग्रुप बैठक में आगामी 2027 विधानसभा चुनाव की रणनीति पर भी चर्चा की गई। हालांकि बैठक के बाद नेताओं के निशाने पर सबसे अधिक राम मंदिर चढ़ावा विवाद और मुख्यमंत्री का मंदिर दौरा रहा।


प्रदेश भाजपा अध्यक्ष डॉ. राजीव बिंदल ने कहा कि कांग्रेस की स्थिति “100 चूहे खाकर बिल्ली हज को चली” जैसी हो गई है। उन्होंने आरोप लगाया कि जिस कांग्रेस ने वर्षों तक राम मंदिर निर्माण का विरोध किया, न्यायालय में मंदिर निर्माण रोकने के प्रयास किए और भगवान श्रीराम के अस्तित्व पर सवाल उठाए, वही आज राजनीतिक लाभ के लिए मंदिरों का रुख कर रही है। बिंदल ने कहा कि भगवान श्रीराम करोड़ों लोगों की आस्था के केंद्र हैं और उनके नाम पर राजनीति करना दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने मुख्यमंत्री के पुराने बयानों का उल्लेख करते हुए कहा कि अब राम मंदिर जाकर दर्शन करना कांग्रेस की दोहरी राजनीति को उजागर करता है।


नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने कहा कि यह अच्छी बात है कि जो लोग पहले सनातन के खिलाफ बयान देते थे, वे अब सनातन की ओर लौट रहे हैं। उन्होंने मुख्यमंत्री और कांग्रेस नेताओं को सलाह देते हुए कहा कि मंदिर श्रद्धा और आस्था का विषय है, इसे राजनीतिक मंच नहीं बनाया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि भाजपा की आलोचना करना अलग बात है, लेकिन भगवान श्रीराम के मंदिर को राजनीतिक अखाड़ा बनाना उचित नहीं है।


पूर्व केंद्रीय मंत्री और सांसद अनुराग ठाकुर ने भी कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि “देर आए, दुरुस्त आए।” उन्होंने कहा कि जो कांग्रेस कभी भगवान राम के अस्तित्व को स्वीकार नहीं करती थी, रामसेतु पर सवाल उठाती थी और अयोध्या में राम मंदिर निर्माण के पक्ष में नहीं थी, वही आज मंदिर पहुंच रही है। अनुराग ठाकुर ने कहा कि पांच सौ वर्षों का संघर्ष तब पूरा हुआ जब केंद्र में भाजपा सरकार बनी। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस ने वर्षों तक हिंदुओं की भावनाओं को ठेस पहुंचाई और अब राजनीतिक कारणों से मंदिरों का रुख कर रही है।


राम मंदिर चढ़ावा विवाद के बीच मुख्यमंत्री और पूरे मंत्रिमंडल का मंदिर पहुंचना तथा उसके तुरंत बाद भाजपा की ओर से की गई तीखी प्रतिक्रिया ने इस मुद्दे को नया राजनीतिक रंग दे दिया है। माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में यह विवाद और अधिक राजनीतिक रूप ले सकता है, क्योंकि दोनों दल इसे लेकर लगातार एक-दूसरे पर हमलावर हैं।