एफआईआर दर्ज करने, डिजिटल साक्ष्य सुरक्षित रखने और बीएनएस की प्रासंगिक धाराओं में कार्रवाई की मांग
नाहन। मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू के खिलाफ सोशल मीडिया पर की गई कथित अभद्र और मानहानिकारक टिप्पणियों को लेकर अब मामला कानूनी मोर्चे पर पहुंच गया है। जिला सिरमौर कांग्रेस लीगल सेल से जुड़े अधिवक्ताओं के एक प्रतिनिधिमंडल ने गुरुवार को पुलिस अधीक्षक निश्चिंत सिंह नेगी से मुलाकात कर पूरे मामले की शिकायत दर्ज कराते हुए कानूनी कार्रवाई की मांग उठाई।
जिला सिरमौर कांग्रेस लीगल सेल के मुख्य संयोजक एवं वरिष्ठ अधिवक्ता वीरेंद्र पाल के नेतृत्व में पहुंचे प्रतिनिधिमंडल ने पुलिस अधीक्षक को विस्तृत शिकायत पत्र सौंपा। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि सोशल मीडिया के विभिन्न प्लेटफॉर्म पर मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू और प्रदेश सरकार के खिलाफ अमर्यादित, आपत्तिजनक और मानहानिकारक टिप्पणियां प्रसारित की गई हैं, जिससे न केवल मुख्यमंत्री की छवि धूमिल करने का प्रयास हुआ है बल्कि सामाजिक सौहार्द प्रभावित होने की भी आशंका है।
फिलहाल शिकायत पुलिस के पास पहुंच चुकी है। अब नजर इस बात पर रहेगी कि पुलिस जांच को किस दिशा में आगे बढ़ाती है और शिकायत में लगाए गए आरोपों के आधार पर आगे क्या कानूनी कार्रवाई की जाती है।
प्रतिनिधिमंडल ने मांग की कि मामले में तत्काल एफआईआर दर्ज की जाए, संबंधित सोशल मीडिया अकाउंट्स से जुड़े डिजिटल साक्ष्यों को सुरक्षित किया जाए तथा भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की प्रासंगिक धाराओं के तहत निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
अधिवक्ताओं ने कहा कि सोशल मीडिया अभिव्यक्ति का माध्यम जरूर है, लेकिन इसकी आड़ में किसी भी व्यक्ति, विशेषकर संवैधानिक पद पर बैठे व्यक्ति के खिलाफ अपमानजनक और मानहानिकारक टिप्पणी करना कानूनन स्वीकार्य नहीं है। ऐसे मामलों में समय रहते कार्रवाई जरूरी है ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं पर अंकुश लगाया जा सके।












