3,691 किलोमीटर ऑप्टिकल फाइबर बिछाने की योजना, डिजिटल सेवाओं, ई-गवर्नेंस, ऑनलाइन शिक्षा और टेलीमेडिसिन को मिलेगा बड़ा बल
शिमला। शिमला जिले की सभी 412 ग्राम पंचायतों तक जल्द ही हाई-स्पीड इंटरनेट की पहुंच सुनिश्चित होगी। भारत सरकार की संशोधित भारतनेट (Amended BharatNet) परियोजना के तहत जिले के सभी 12 विकास खंडों को ऑप्टिकल फाइबर केबल (ओएफसी) आधारित ब्रॉडबैंड नेटवर्क से जोड़ने की तैयारी शुरू हो गई है। इस संबंध में गुरुवार को उपायुक्त अनुपम कश्यप की अध्यक्षता में समीक्षा बैठक आयोजित की गई।
बैठक में बताया गया कि परियोजना के तहत जिले में करीब 3,691 किलोमीटर ऑप्टिकल फाइबर केबल बिछाई जाएगी। इसके पूरा होने के बाद सभी ग्राम पंचायतों तक सुरक्षित, विश्वसनीय और निर्बाध हाई-स्पीड इंटरनेट सुविधा उपलब्ध होगी। इससे ग्रामीण क्षेत्रों में ई-गवर्नेंस, ऑनलाइन शिक्षा, टेलीमेडिसिन, डिजिटल बैंकिंग और विभिन्न सरकारी सेवाओं की पहुंच और मजबूत होगी।
परियोजना के दायरे में बसंतपुर, मशोबरा, छौहारा, रामपुर, रोहड़ू, कुपवी, ननखड़ी, नारकंडा, टुटू, जुब्बल-कोटखाई और ठियोग सहित जिले के सभी 12 विकास खंड शामिल हैं।
प्रगति रिपोर्ट के अनुसार बसंतपुर ब्लॉक में अब तक 40 किलोमीटर ऑप्टिकल फाइबर बिछाई जा चुकी है और 10 ग्राम पंचायतों को नेटवर्क से जोड़ा गया है। वहीं मशोबरा ब्लॉक में 299 किलोमीटर केबल बिछाने का कार्य पूरा होने के साथ 28 ग्राम पंचायतों को कनेक्ट किया जा चुका है।
छौहारा, रामपुर और रोहड़ू ब्लॉकों के लिए कार्यादेश जारी किए जा चुके हैं, जबकि कुपवी और ननखड़ी में फिलहाल काम रुका हुआ है। नारकंडा, टुटू, जुब्बल-कोटखाई और ठियोग ब्लॉकों में सर्वेक्षण और अन्य प्रारंभिक कार्य जारी हैं।
बैठक में अधिकारियों ने बताया कि भारतनेट परियोजना के पूरा होने से पंचायत स्तर पर डिजिटल सेवाओं का संचालन अधिक प्रभावी होगा। ग्रामीणों को सरकारी योजनाओं और ऑनलाइन सुविधाओं का लाभ अपने क्षेत्र में ही आसानी से मिल सकेगा। साथ ही ग्रामीण अर्थव्यवस्था को गति मिलने के साथ डिजिटल इंडिया अभियान को भी मजबूत आधार मिलेगा।
बैठक में बीएसएनएल सहित संबंधित विभागों के अधिकारी भी उपस्थित रहे।












