एचआरटीसी बोर्ड बैठक में उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री के निर्देश
टायर व स्पेयर पार्ट्स की कमी से प्रभावित नहीं होगा बस संचालन
शिमला। हिमाचल प्रदेश में सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को आधुनिक और पर्यावरण अनुकूल बनाने की दिशा में सरकार जल्द बड़ा कदम उठाने जा रही है। प्रदेश में चरणबद्ध तरीके से शामिल की जा रही 297 नई इलेक्ट्रिक बसों का संचालन शीघ्र शुरू होगा। इसके साथ ही राज्य में चार नए ई-डिपो भी जल्द कार्य शुरू करेंगे, जिससे इलेक्ट्रिक बसों के संचालन और रखरखाव को मजबूती मिलेगी।
यह जानकारी उपमुख्यमंत्री एवं परिवहन मंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने गुरुवार को हिमाचल प्रदेश पथ परिवहन निगम (एचआरटीसी) के निदेशक मंडल की 163वीं बैठक की अध्यक्षता करते हुए दी। बैठक में निगम के संचालन, यात्री सुविधाओं और सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाने से जुड़े विभिन्न विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई।
बैठक के दौरान 297 इलेक्ट्रिक बसों के ट्रायल, चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर और संचालन की तैयारियों की समीक्षा की गई। उपमुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि इलेक्ट्रिक बसों के संचालन से जुड़ी सभी औपचारिकताएं जल्द पूरी कर इन्हें प्रदेशवासियों की सेवा में समर्पित किया जाए।
बैठक में एचआरटीसी की बसों में टायरों और स्पेयर पार्ट्स की कमी का मुद्दा भी प्रमुखता से उठा। इस पर नाराजगी जताते हुए मुकेश अग्निहोत्री ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि भविष्य में किसी भी बस का संचालन टायर, स्पेयर पार्ट्स या अन्य आवश्यक सामग्री के अभाव में प्रभावित नहीं होना चाहिए। उन्होंने कहा कि आवश्यक सामान की समय पर खरीद और उपलब्धता सुनिश्चित की जाए तथा वैकल्पिक व्यवस्था भी पहले से तैयार रखी जाए, ताकि किसी भी परिस्थिति में बस सेवाएं बाधित न हों और यात्रियों को परेशानी का सामना न करना पड़े।
उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार सार्वजनिक परिवहन को आधुनिक, सुरक्षित, विश्वसनीय और पर्यावरण अनुकूल बनाने के लिए लगातार काम कर रही है। इलेक्ट्रिक बसों और नए ई-डिपो के शुरू होने से न केवल प्रदूषण में कमी आएगी, बल्कि यात्रियों को अधिक आरामदायक, किफायती और बेहतर परिवहन सुविधाएं भी मिलेंगी। साथ ही एचआरटीसी के बेड़े का आधुनिकीकरण तेज़ी से आगे बढ़ेगा।
बैठक में एचआरटीसी के उपाध्यक्ष अजय वर्मा, निदेशक मंडल के सदस्य धर्मेंद्र धामी, प्रदीप सूर्या, मोहिंदर संधू और निशांत ठाकुर, अतिरिक्त सचिव (परिवहन) ओंकार चंद शर्मा, एचआरटीसी के प्रबंध निदेशक डॉ. निपुण जिंदल सहित निगम के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।












